
किशनगंज,22अप्रैल(के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, सोशल मीडिया पर हथियार लहराने और हर्ष फायरिंग के जरिए कानून को चुनौती देने वालों पर किशनगंज पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। ताजा मामला पौआखाली थाना क्षेत्र का है, जहां हर्ष फायरिंग का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक वर्तमान वार्ड पार्षद प्रतिनिधि को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक पूर्व मुखिया फरार होने में कामयाब रहा।
सोशल मीडिया वीडियो से हुई पहचान :
पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार के संज्ञान में सोशल मीडिया पर हर्ष फायरिंग का एक वीडियो आया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने तत्काल अंचल पुलिस निरीक्षक ठाकुरगंज, थानाध्यक्ष पौआखाली और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए। छानबीन के दौरान वीडियो में फायरिंग करने वाले दो व्यक्तियों की पहचान मोहम्मद हनीफ (वर्तमान वार्ड पार्षद प्रतिनिधि, वार्ड नं. 03, पौआखाली नगर पंचायत) और अहमद हुसैन उर्फ लल्लू (पूर्व मुखिया, पौआखाली पंचायत) के रूप में हुई।
एक गिरफ्तार, दूसरे की तलाश में दबिश :
पुलिस द्वारा की गई छापेमारी के दौरान वार्ड पार्षद मोहम्मद हनीफ को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में हनीफ ने स्वीकार किया कि हर्ष फायरिंग में इस्तेमाल किया गया हथियार पूर्व मुखिया अहमद हुसैन उर्फ लल्लू का था। इसके बाद पुलिस ने जब पूर्व मुखिया के घर पर छापेमारी की, तो वह मौके से फरार पाया गया। पुलिस उसकी गिरफ्तारी और हथियार की बरामदगी के लिए लगातार दबिश दे रही है।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा :
पौआखाली पुलिस ने इस मामले में कांड संख्या 59/26 दर्ज किया है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 292/3(5) और आर्म्स एक्ट की धारा 25(9) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
हर्ष फायरिंग पर क्या कहता है कानून?
किशनगंज पुलिस ने प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से जनता को आगाह किया है कि हर्ष फायरिंग कोई जश्न नहीं, बल्कि एक गंभीर अपराध है। इसके कानूनी प्रावधान निम्नलिखित हैं:
हथियार का लाइसेंस :
लाइसेंस केवल आत्मरक्षा या वैध कारणों के लिए दिया जाता है। जश्न में गोली चलाना पूर्णतः गैर-कानूनी है।
सजा का प्रावधान :
लापरवाही से फायरिंग करने पर आर्म्स एक्ट के तहत 3 से 7 साल की जेल और जुर्माना हो सकता है।
मृत्यु होने पर :
यदि हर्ष फायरिंग में किसी की जान जाती है, तो दोषी को 10 साल की जेल या उम्रकैद तक हो सकती है।
लाइसेंस रद्द :
ऐसे मामलों में हथियार जब्त कर लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द किया जा सकता है।
पुलिस की अपील :
“खुशी के माहौल में हर्ष फायरिंग कर कानून न तोड़ें। किसी भी आपात स्थिति या ऐसी घटनाओं की जानकारी के लिए तत्काल डायल-112 पर कॉल करें।”



