सहरसा : खाद विक्रेताओं ने निकाली आक्रोश मार्च, उचित मूल्य पर खाद उपलब्ध कराने की मांग
थोक विक्रेताओं पर निर्धारित दर से अधिक कीमत में खाद देने का आरोप, खुदरा दुकानदारों ने 10 प्रतिशत कमीशन की भी उठाई मांग

सहरसा, 15 सितंबर (के.स.)। अजय कुमार, थोक विक्रेताओं द्वारा खुदरा खाद दुकानदारों को निर्धारित दर से अधिक कीमत पर खाद उपलब्ध कराने के विरोध में बुधवार को सिमरी बख्तियारपुर अनुमंडल के तीनों प्रखंडों के खुदरा खाद विक्रेताओं ने आक्रोश मार्च निकाली। इससे पहले नगर परिषद क्षेत्र के भौरा गांव स्थित एक विवाह भवन में अनुमंडल खुदरा खाद विक्रेता संघ की बैठक अध्यक्ष विनोद यादव की अध्यक्षता में हुई।
बैठक में खाद की कीमत, कमीशन सहित विक्रेताओं की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की गई। बैठक के बाद खाद विक्रेताओं ने अपनी मांगों के समर्थन में आक्रोश मार्च निकाली। मार्च ब्लाक चौक से शुरू होकर अनुमंडल कृषि कार्यालय पहुंची। वहां विक्रेताओं ने कृषि पदाधिकारी को मांगों से संबंधित आवेदन सौंपकर समस्याओं के समाधान की मांग की।
आवेदन में विक्रेताओं ने आरोप लगाया कि थोक विक्रेताओं द्वारा निर्धारित मूल्य से अधिक मूल्य पर खाद उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा खाद के साथ अन्य सामान लेने के लिए भी दबाव बनाया जाता है। विक्रेताओं का कहना है कि प्रशासन की ओर से उन्हें निर्धारित मूल्य पर ही किसानों को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया जाता है। ऐसे में निर्धारित दर पर खाद बेचने में उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। खुदरा खाद विक्रेताओं ने मांग की कि प्रशासन पहले थोक विक्रेताओं से निर्धारित उचित मूल्य पर खाद उपलब्ध कराए, ताकि वे भी किसानों को सरकारी दर पर खाद उपलब्ध करा सकें।
विक्रेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उन्हें उचित कीमत पर खाद उपलब्ध नहीं कराई गई तो वे खाद समेत अन्य कृषि सामग्री का उठाव नहीं करेंगे। विक्रेताओं ने अपने स्तर पर हो रहे शोषण का आरोप लगाते हुए सभी खुदरा खाद दुकानदारों को 10 प्रतिशत कमीशन देने की भी मांग की। रैली में अनुमंडल क्षेत्र के विभिन्न प्रखंडों से पहुंचे खाद विक्रेता शामिल थे।



