किशनगंज पुलिस में बड़ा एक्शन, दो दारोगा निलंबित, कई थानों में फेरबदल

किशनगंज,15मई(के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, जिले में पुलिस व्यवस्था को दुरुस्त करने और अपराध नियंत्रण को प्रभावी बनाने के लिए पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार लगातार सख्त कार्रवाई कर रहे हैं। एक ओर जहां लापरवाही और कथित दुर्व्यवहार के आरोप में दो पुलिस पदाधिकारियों पर गाज गिरी है, वहीं दूसरी ओर कई थानों में प्रशासनिक फेरबदल करते हुए नए थानाध्यक्षों की नियुक्ति और दारोगाओं का तबादला किया गया है।
गर्वनडंगा थाना में पूछताछ के दौरान एक व्यक्ति के साथ कथित मारपीट का वीडियो वायरल होने के बाद एसपी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रक्षिशु पुलिस अवर निरीक्षक नितेश कुमार वर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। वहीं बीएचजी 410684 छठूलाल राय को पुलिस केंद्र वापस भेजते हुए उनके विरुद्ध अनुशासनिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मामले की जांच अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-02 को सौंपी गई है।
इसी क्रम में किशनगंज थाना में संपत्ति मूलक कांडों की समीक्षा के दौरान अनुसंधान में गंभीर लापरवाही पाए जाने पर पुलिस अवर निरीक्षक आनंद मोहन को भी निलंबित कर दिया गया। आरोप है कि गृहभेदन और मोटरसाइकिल चोरी जैसे मामलों में निर्धारित विधिक अवधि समाप्त होने से पहले ही खानापूर्ति करते हुए अंतिम प्रतिवेदन समर्पित कर दिया गया। इस मामले में अंचल पुलिस निरीक्षक और थानाध्यक्ष से भी स्पष्टीकरण मांगा गया है।
वहीं प्रशासनिक स्तर पर भी बड़ा फेरबदल किया गया है। कोचाधामन थाना अनुसंधान इकाई में पदस्थापित पुलिस अवर निरीक्षक गंगा प्रसाद गुप्ता को पाठामारी थाना का नया थानाध्यक्ष बनाया गया है, जबकि किशनगंज थाना अनुसंधान इकाई में कार्यरत पुलिस अवर निरीक्षक शंखराज कर्ण को पौआखाली थाना की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसके अलावा साइबर थाना से पुलिस अवर निरीक्षक रविशंकर कुमार, जियापोखर थाना से पुलिस अवर निरीक्षक प्रीति कुमारी तथा पाठामारी थाना से पुलिस अवर निरीक्षक मणि पासवान का तबादला कर किशनगंज थाना की अनुसंधान इकाई में पदस्थापित किया गया है।
किशनगंज एसपी संतोष कुमार ने स्पष्ट कहा है कि पुलिस विभाग में किसी भी प्रकार की लापरवाही, उदंडता या भ्रष्ट आचरण के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई गई है और दोषी पाए जाने वाले किसी भी पुलिस कर्मी के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।



