ठाकुरगंज स्वास्थ्य केंद्र में बवाल: महिला कर्मियों ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी पर लगाए गंभीर आरोप
किशनगंज,20मार्च(के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, ठाकुरगंज प्रखंड स्थित स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत दर्जनों महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. अखलाकुर रहमान पर मानसिक उत्पीड़न और आर्थिक शोषण के गंभीर आरोप लगाए हैं। इस संबंध में कर्मियों ने शुक्रवार को जिलाधिकारी विशाल राज को आवेदन सौंपकर उचित कार्रवाई की मांग की है।
दिए गए आवेदन में महिला कर्मियों ने आरोप लगाया है कि प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा उन्हें लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कर्मियों पर आर्थिक दबाव बनाया जाता है और प्रोत्साहन राशि में हिस्सेदारी की मांग की जाती है। कर्मियों का कहना है कि जो उनके निर्देशों का पालन करती हैं, उन्हें सहयोग मिलता है, जबकि विरोध करने वालों को प्रताड़ना का सामना करना पड़ता है।
कर्मियों ने आरोप लगाया कि कार्य अवधि समाप्त होने के बाद भी उन्हें वीडियो कॉल कर परेशान किया जाता है। साथ ही सीएचओ और एएनएम को मिलने वाली मासिक प्रोत्साहन राशि का आधा हिस्सा मांगे जाने की भी बात कही गई है। उन्होंने कहा कि पूर्व में अन्य प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों के साथ कार्य करते समय ऐसी स्थिति कभी उत्पन्न नहीं हुई।
आवेदन में स्वास्थ्य उपकेंद्रों और हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों की बदहाल व्यवस्था का भी जिक्र किया गया है। कर्मियों के अनुसार, कई केंद्र सुदूर क्षेत्रों में स्थित हैं, जहां से देर शाम लौटना असुरक्षित महसूस होता है। बाथरूम जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव से भी उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा, बार-बार नौकरी से हटाने की धमकी दिए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
इधर, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. अखलाकुर रहमान ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि निर्धारित कार्य अवधि सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक है, लेकिन कुछ कर्मी अपने दायित्वों का सही तरीके से निर्वहन नहीं करते। उन्होंने कहा कि कार्य में सख्ती बरतने के कारण उन पर बेबुनियाद आरोप लगाए जा रहे हैं।
डॉ. रहमान ने कहा कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाती है, तो सच्चाई स्वतः सामने आ जाएगी।


