बिहारब्रेकिंग न्यूज़राज्य

जमुई की घटना पर पूर्व विधायक किशोर कुमार ने उठाए कानून-व्यवस्था पर सवाल, कहा-ऐसे मामलों में राजनीति नहीं, कार्रवाई जरूरी

सहरसा, 21 सितंबर (के.स.)। अजय कुमार, बिहार के जमुई में 19 सितंबर को दो नाबालिग छात्रों को रास्ते में रोककर कथित तौर पर उनके साथ मारपीट और छात्रा के साथ छेड़छाड़ किए जाने का वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। पुलिस के अनुसार मामले में सात लोगों की पहचान की गई है और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। मामले की जांच के लिए एसआईटी भी गठित की गई है।

इधर, जन सुराज पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक किशोर कुमार ने इस घटना को लेकर बिहार की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जमुई से सामने आया वीडियो बेहद चिंताजनक है और यह सवाल खड़ा करता है कि आखिर अपराधियों में कानून का भय क्यों नहीं है। उन्होंने कहा कि नाबालिग छात्र-छात्रा के साथ सार्वजनिक स्थान पर इस तरह का व्यवहार किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं हो सकता।

किशोर कुमार ने कहा कि घटना को लेकर सरकार और प्रशासन को राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप से आगे बढ़कर पीड़ितों की सुरक्षा, निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कानून के तहत कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में पक्ष और विपक्ष को राजनीतिक लाभ-हानि से ऊपर उठकर एक स्वर में बात करनी चाहिए और समस्या का समाधान निकालने पर ध्यान देना चाहिए।

उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर भी अपने राजनीतिक सवाल उठाए। किशोर कुमार ने कहा कि सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं और नाबालिगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए क्या प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि केवल संस्कार और संस्कृति की बातें करने से काम नहीं चलेगा, बल्कि कानून का प्रभावी पालन और अपराधियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई भी जरूरी है।

किशोर कुमार ने जेडीयू प्रदेश अध्यक्ष द्वारा घटना के संदर्भ में 2005 से पहले के बिहार का उल्लेख किए जाने पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि किसी वर्तमान घटना में जवाबदेही तय करने के बजाय अतीत की परिस्थितियों का हवाला देना उचित नहीं है। उनके अनुसार, किसी भी आपराधिक घटना पर सरकार और प्रशासन की प्राथमिकता पीड़ितों को न्याय दिलाना तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकना होनी चाहिए। संबंधित बयान को लेकर राजनीतिक विवाद भी सामने आया है।

उन्होंने कहा कि जमुई की घटना को लेकर समाज को भी गंभीरता से विचार करना होगा। सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा केवल सरकार या पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। हालांकि कानून-व्यवस्था बनाए रखना और अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई करना राज्य की संस्थाओं का दायित्व है।

किशोर कुमार ने कहा कि ऐसी घटनाओं पर बहस राजनीतिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि समाधान के लिए होनी चाहिए। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर सभी आरोपियों के खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई करने तथा पीड़ित छात्र-छात्रा की सुरक्षा और गरिमा सुनिश्चित करने की मांग की।

dharmendra singh

धर्मेन्द्र सिंह प्रिंट माध्यम में 17 वर्षों से और डिजिटल माध्यम में पिछले 10 सालों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं।राजनीतिक, सामाजिक व अपराध की खबरों में विशेष रूचि है।

Related Articles

Back to top button