जिला पदाधिकारी, पटना श्री कुंदन कुमार के द्वारा समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में समाहरणालय स्थित सभी शाखाओं के प्रभारी पदाधिकारी तथा वरीय पदाधिकारियों के साथ बैठक की गई।

त्रिलोकी नाथ प्रसाद /जिला पदाधिकारी ने सभी पदाधिकारियों को निदेश दिया कि वे कार्य को सुगम करने के लिए तथा कार्य को बेहतर बनाने के लिए टेक्नोलॉजी का सही ढंग से इस्तेमाल करें। सभी शाखाओं के प्रभारी पदाधिकारी को निदेश दिया गया कि वे अपनी-अपनी शाखाआंे में कर्मियों के बीच आवंटित कार्यों की समीक्षा करें तथा लंबित कार्यों एवं समस्याओं की सूची बना कर गोपनीय शाखा को उपलब्ध कराएँ। सभी वरीय पदाधिकारी को निदेश दिया गया कि वे संबंधित सभी शाखाओं के प्रभारी पदाधिकारी के साथ बैठक कर समीक्षा करें। जिला पदाधिकारी के द्वारा गोपनीय शाखा में उपलब्ध विभिन्न शाखाओं की सूचियों की साप्ताहिक समीक्षा की जाएगी। जिला पदाधिकारी ने सभी पदाधिकारियों को निदेश दिया कि कार्यों के निष्पादन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी वरीय पदाधिकारी को उन्होंने निदेशित किया कि वे संबंधित शाखाओं की विस्तृत जानकारी रखें, जिससे कार्य को व्यवस्थित ढंग से करने में मदद मिलेगी।
जिला पदाधिकारी के द्वारा प्रखंड सहयोग-सह-जन-कल्याण शिविर में प्राप्त आवेदनों के निष्पादन की समीक्षा की गई तथा निदेश दिया गया कि सभी मामलों का निष्पादन ससमय कराएँ। कोई भी मामला 10 दिन से ज्यादा पुराना न हो इसलिए प्रतिदिन इसका अनुश्रवण करें।
जिला पदाधिकारी ने आगामी नीट परीक्षा की तैयारी की भी समीक्षा की। अपर समाहर्ता विधि-व्यवस्था ने बताया कि जिले में कुल 95 परीक्षा केन्द्र बनाए गए हैं जिसमें 45,000 से अधिक परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे। सबसे बड़ा परीक्षा केन्द्र ‘‘बापू परीक्षा केन्द्र’’ है जहाँ 7,500 से अधिक परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे। परीक्षा को कदाचारमुक्त बनाने हेतु 100 से अधिक स्टैटिक दंडाधिकारियों तथा 29 उड़नदस्ता दल की प्रतिनियुक्ति की गई है। परीक्षा को कदाचारमुक्त सम्पन्न कराने के लिए प्रतिनियुक्त पदाधिकारियों की मॉकड्रिल भी आज की जा रही है।

