किशनगंज में NCORD बैठक, मादक पदार्थ तस्करी पर सख्ती के निर्देश

किशनगंज,06अप्रैल(के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, जिलाधिकारी विशाल राज एवं पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार की संयुक्त अध्यक्षता में सोमवार को समाहरणालय स्थित सभागार में एनसीओआरडी (नार्को कोआर्डिनेशन सेंटर) की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में मादक पदार्थों की तस्करी रोकने को लेकर विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान आसूचना के आदान-प्रदान, तस्करी के प्रमुख रूट, तस्करी के तौर-तरीकों, जिले में प्रचलित मादक पदार्थों के प्रकार, तस्करों से संबंधित सूचनाओं के संकलन तथा नशामुक्ति केंद्रों की स्थिति की समीक्षा की गई।
बैठक में बताया गया कि जनवरी 2026 से 4 अप्रैल 2026 तक जिले में कुल 901 लोगों की गिरफ्तारी की गई है। इस अवधि में 40,296 लीटर देशी शराब, 4,974.775 लीटर विदेशी शराब तथा 398 किलोग्राम मादक पदार्थ बरामद किए गए हैं। साथ ही 56 वाहनों को जब्त किया गया है।
जिलाधिकारी ने उत्पाद विभाग सहित सभी संबंधित विभागों को अपनी-अपनी रिकवरी का अद्यतन प्रतिवेदन संधारित करने का निर्देश दिया। सीमावर्ती क्षेत्रों में तस्करी की आशंका को देखते हुए विशेष सतर्कता बरतने और नियमित छापेमारी अभियान चलाने का निर्देश भी दिया गया।
बैठक में टेढ़ागाछ, ठाकुरगंज एवं दिघलबैंक प्रखंडों में उर्वरक दुकानों की सूची तैयार कर बीएसएफ और पुलिस प्रशासन के साथ साझा करने का निर्देश दिया गया, ताकि उर्वरकों की अवैध निकासी पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके।
डीएम ने सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के प्रतिनिधि को प्रतिदिन समीक्षा कर उसकी सूचना जिला प्रशासन को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। साथ ही सभी विभागों को आगामी बैठक में पिछले छह माह की उपलब्धियों का प्रतिवेदन प्रस्तुत करने को कहा गया।
पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने जब्ती की कार्रवाई बढ़ाने, सीमावर्ती क्षेत्रों एवं चेक पोस्टों पर विशेष निगरानी रखने तथा आसूचना संकलन को मजबूत करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों के वास्तविक आपूर्तिकर्ता और प्राप्तकर्ता तक पहुंच सुनिश्चित की जाए।
इसके अलावा अवैध गांजा खेती की सूचना तत्काल उपलब्ध कराने तथा जीएसटी एवं परिवहन विभाग को चेक पोस्टों पर संदिग्ध गतिविधियों की सूचना साझा करने का निर्देश भी दिया गया।
बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी अनिकेत कुमार, जिला कृषि पदाधिकारी सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे, जबकि कई अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।


