*पंडवानी की महान साधिका डॉ. तीजन बाई के निधन पर बिहार विधान सभा अध्यक्ष ने गहरा शोक व्यक्त किया*
त्रिलोकी नाथ प्रसाद/बिहार विधान सभा के माननीय अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने पंडवानी गायन की विश्वविख्यात लोक कलाकार तीजन बाई के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि तीजन बाई का निधन भारतीय लोककला और सांस्कृतिक जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने अपने अद्वितीय गायन, ओजपूर्ण प्रस्तुति और असाधारण कला-साधना के माध्यम से छत्तीसगढ़ की लोक नाट्य परंपरा ‘पंडवानी’ को विश्व मंच पर विशिष्ट पहचान दिलाई। उनका संपूर्ण जीवन भारतीय लोककला के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार के लिए समर्पित रहा। उन्हें कला के क्षेत्र में योगदान के लिए भारत सरकार द्वारा देश के द्वितीय नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था। उनकी साधना आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणा का स्रोत बनी रहेगी। कला और संस्कृति के क्षेत्र में उनके अतुलनीय योगदान को देश सदैव श्रद्धापूर्वक स्मरण करेगा।
डॉ० प्रेम कुमार ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हुए शोक-संतप्त परिजनों, उनके असंख्य प्रशंसकों एवं कला-जगत को इस असहनीय दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की।

