खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई अमृत तुल्य टी स्टॉल से 500 एक्सपायर टी मसाला जप्त
रणधीर दुबे
पाटन – खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता एवं आम लोगों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी श्रीलभ कुमार गुप्ता के नेतृत्व में आज पाटन प्रखंड क्षेत्र में विशेष जांच अभियान चलाया। इस दौरान प्रशिक्षु खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी संजीव कुमार उपाध्याय, ललिता कुमारी एवं अभय शंकर ठाकुर भी उपस्थित रहे। अभियान के दौरान केक दुकानों, मिठाई दुकानों, ढाबों, होटलों, फास्ट फूड प्रतिष्ठानों एवं चाय दुकानों का निरीक्षण किया गया। इस दौरान कई प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन से संबंधित गंभीर अनियमितताएं सामने आईं।
अभियान के दौरान अमृत तुल्य फ्रेंचाइजी की चाय दुकान में चाय तैयार करने में इस्तेमाल होने वाले लगभग 500 पैकेट एक्सपायर्ड टी मसाला पाए गए, जिन्हें विभाग की टीम ने जब्त किया। इसके अतिरिक्त, विभिन्न प्रतिष्ठानों में एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री, वैध खाद्य लाइसेंस का अभाव, खाद्य पदार्थों को खुले में तैयार करना, अखबार का उपयोग तथा स्वच्छता से संबंधित कमियां भी पाई गईं।
सोना स्वीट्स, पाटन में निरीक्षण के दौरान मिठाइयों में गैर-खाद्य रंग का उपयोग तथा खाद्य पदार्थों की पैकेजिंग में गैर-खाद्य ग्रेड प्लास्टिक का इस्तेमाल पाया गया। इसके अलावा, लगभग 120 पीस क्रीम चॉप, जिनमें गैर-खाद्य रंग का उपयोग किया गया था, मौके पर ही नष्ट कराए गए। वहीं, बड़ी साइज की 8 बोतल एक्सपायर्ड कोल्ड ड्रिंक भी पाई गईं, जिन्हें मौके पर ही नष्ट कराया गया।
वहीं, मधुबन स्वीट्स में अखबार का उपयोग, खुले में खाद्य पदार्थ तैयार करना तथा परिसर में अत्यधिक मक्खियां पाई गईं। राज किराना स्टोर में खाद्य सामग्री अव्यवस्थित तरीके से रखी गई थी तथा एक्सपायर्ड उत्पाद भी पाए गए। अन्य प्रतिष्ठानों में भी खाद्य लाइसेंस एवं स्वच्छता से संबंधित कमियां सामने आईं।
खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के तहत खाद्य पदार्थों में गैर-अनुमत रंगों का उपयोग, खाद्य कारोबारियों की जिम्मेदारियों का उल्लंघन, अस्वच्छ परिस्थितियों में खाद्य पदार्थों का निर्माण या प्रसंस्करण, खाद्य पदार्थों को अखबार में लपेटना या परोसना तथा बिना आवश्यक खाद्य लाइसेंस या पंजीकरण के कारोबार करना क्रमशः धारा 19, धारा 26, धारा 56, विनियम 4.4(a) तथा धारा 31 के तहत दंडनीय हैं। अतः इन कृत्यों के दोहराने पर दंडात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
खाद्य सुरक्षा जांच अभियान के साथ-साथ COTPA, 2003 के तहत भी विशेष निरीक्षण किया गया। इस क्रम में राजकीय कृत उच्च विद्यालय, पाटन के आसपास तंबाकू उत्पादों की बिक्री करने वाले प्रतिष्ठानों की जांच की गई। नियमों के उल्लंघन पर तीन दुकानों पर कुल ₹1,700 का जुर्माना लगाया गया। दुकानदारों को तंबाकू नियंत्रण से संबंधित प्रावधानों का पालन करने के निर्देश भी दिए गए।
निरीक्षण के दौरान संबंधित खाद्य कारोबारियों को आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने, खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं स्वच्छता बनाए रखने तथा खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। विभाग ने स्पष्ट किया कि आम लोगों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा तथा खाद्य सुरक्षा एवं तंबाकू नियंत्रण से संबंधित नियमों के उल्लंघन पर जांच और नियमानुसार कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।


