किशनगंज : हत्या के आरोप में दो दोषियों को उम्रकैद, 50-50 हजार रुपये जुर्माना
एडीजे-1 सुरेश कुमार सिंह की अदालत ने सुनाया फैसला, पौआखाली थाना क्षेत्र के सत्यवान मुर्मू हत्याकांड का मामला
किशनगंज, 25 अगस्त (के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, हत्या के एक मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायालय प्रथम ने मंगलवार को दो दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेश कुमार सिंह की अदालत ने पौआखाली थाना क्षेत्र निवासी सत्यवान मुर्मू की हत्या के मामले में रूईधासा निवासी मोहम्मद चांद और पौआखाली थाना क्षेत्र निवासी बसंती हेम्ब्रम को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। अदालत ने दोनों दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड की राशि जमा नहीं करने पर अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी।
यह मामला पौआखाली थाना कांड संख्या 31/2025 से संबंधित है। इसकी सुनवाई स्पेशल वाद संख्या 65/2025 के तहत अदालत में चल रही थी। पुलिस ने मामले की जांच पूरी करने के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था। अभियोजन पक्ष की ओर से एससी-एसटी मामलों के विशेष लोक अभियोजक आदुलाल हरिजन ने प्रभावी पैरवी करते हुए न्यायालय के समक्ष गवाहों और साक्ष्यों को प्रस्तुत किया।
विशेष लोक अभियोजक आदुलाल हरिजन ने बताया कि अदालत ने मामले में गवाहों के बयान, चिकित्सीय रिपोर्ट और पुलिस की ओर से जुटाए गए साक्ष्यों का गहन अध्ययन किया। दोनों पक्षों की अंतिम दलीलें सुनने के बाद अदालत ने मोहम्मद चांद और बसंती हेम्ब्रम को हत्या का दोषी पाते हुए सजा सुनाई।
अप्रैल 2025 में हुई थी हत्या
अप्रैल 2025 में पौआखाली थाना क्षेत्र निवासी सत्यवान मुर्मू की हत्या कर दी गई थी। मामले में आरोप लगाया गया था कि बसंती हेम्ब्रम ने मोहम्मद चांद के साथ मिलकर अपने ससुर सत्यवान मुर्मू की हत्या की थी। पुलिस जांच के बाद दोनों के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया गया था। मामले की सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने दोनों को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई।


