
राँची 9 जुलाई: झारखंड सरकार राज्य को पर्यटन और औद्योगिक निवेश का बड़ा केंद्र बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। नई दिल्ली में आयोजित नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन में कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि सरकार ऐसी नीतियां तैयार कर रही है, जिनसे राज्य में निवेश बढ़ेगा और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बनेंगे।
कार्यक्रम में झारखंड की नई टूरिज्म पॉलिसी और होम स्टे पॉलिसी के मसौदे पर विशेषज्ञों, निवेशकों और अन्य हितधारकों के साथ चर्चा हुई। उनके सुझावों के आधार पर नीतियों को और बेहतर बनाने पर विचार किया गया। साथ ही पर्यटन परियोजनाओं और फाइव स्टार होटल जैसे बड़े निवेशों के लिए सरकार की सब्सिडी और प्रोत्साहन योजनाओं की जानकारी भी दी गई।
मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि झारखंड प्राकृतिक सुंदरता, जनजातीय संस्कृति, धार्मिक स्थलों और ऐतिहासिक धरोहरों से समृद्ध है। इन क्षेत्रों का योजनाबद्ध विकास होने पर राज्य पर्यटन के क्षेत्र में नई पहचान बना सकता है। इससे स्थानीय युवाओं, महिलाओं और ग्रामीणों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
बैठक में झारखंड इंडस्ट्रियल एंड इन्वेस्टमेंट प्रमोशन पॉलिसी-2026 और झारखंड अपैरल, टेक्सटाइल एंड फुटवियर पॉलिसी के ड्राफ्ट भी निवेशकों के सामने प्रस्तुत किए गए। इनका उद्देश्य उद्योग लगाने की प्रक्रिया को आसान बनाना और राज्य में नए निवेश को आकर्षित करना है।
शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में सरकार निवेश, पर्यटन, उद्योग, कृषि और रोजगार के क्षेत्र में लगातार नई पहल कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में झारखंड देश के प्रमुख पर्यटन और औद्योगिक राज्यों में अपनी मजबूत पहचान बनाएगा।