भाजपा ने बाबू जगजीवन राम छात्रावास योजना को बंद कर अनुसूचित जाति का किया है अपमान : जदयू
Sagar kumar/ kk singh
भाजपा ने बाबू जगजीवन राम छात्रावास योजना को बंद कर अनुसूचित जाति का किया है अपमान : जदयू
पिछड़ा- अति पिछड़ा वर्ग के बच्चों को मिल रही छात्रवृत्ति बंद कर केंद्र सरकार ने अपने चाल- चरित्र- चेहरे को किया स्पष्ट
ये समाजिक सौहार्द बिगाड़ एन-केन प्रकारेण होना चाहते चाहते हैं सत्ता पर काबिज
03 अप्रैल 2023, पटना।
जनता दल यूनाईटेड के प्रदेश प्रवक्ता हिमराज राम एवं सुश्री अनुप्रिया ने कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह जी ने एक बार फिर बिहार आकर लोगों को गुमराह करने मात्र का काम कियास उन्होंने एक बार भी यहाँ के अनुसूचित जाति, पिछड़ों एवं अति पिछड़ों की कोई चर्चा नही की।
प्रवक्ता द्वय ने कहा कि भाजपा के लोगों को आम आदमी के हित की कोई चिंता नहीं हैस ये लोग सिर्फ समाजिक सौहार्द बिगाड़कर एन-केन प्रकारेण सत्ता पर काबिज होना चाहते चाहते हैं। भाजपा की केंद्र सरकार ने पूर्व से चली आ रही केंद्र प्रायोजित बाबू जगजीवन राम छात्रावास योजना को बंद कर आजीवन लगभग पचास वर्षों तक देश की सेवा करने वाले बाबू जगजीवन राम जी का अपमान किया है।
प्रवक्ताओं ने कहा कि पिछड़ा- अति पिछड़ा वर्ग के बच्चों को कक्षा एक से आठ तक मिल रहे छात्रवृत्ति योजना को बंद कर भाजपा की केंद्र सरकार ने अपने चाल चरित्र और चेहरे को आम लोगों के सामने सपष्ट कर दिया हैस केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा नवादा में पिछड़ी जातियों, अति पिछड़ी जातियों एवं अनुसूचित जाति के लोगों के ज्वलंत सवालों से कन्नी काट लेने से इन वर्गों के प्रति भाजपा की घृणा और विरोधी मानसिकता को स्पष्ट हो गयी है।
इन लोगों ने कहा कि बाबू जगजीवन राम छात्रावास योजना अंतर्गत कम साक्षरता वाले जिलों के प्रखंड मुख्यालय में अनुसूचित जाति के बच्चियों के लिए प्राथमिकता के आधार पर सौ बेड वाले गर्ल्स हॉस्टल स्थापित करने थे। इस योजना को बंद कर केंद्र सरकार ने इन वर्गों के बच्चों से शिक्षा का अधिकार छीन लिया है। इससे नाराज लोग भाजपा को कभी माफ नहीं करने वालेस पिछले 9 वर्षों से भाजपा लगातार गरीबों और बंचितों के अधिकार उनसे छीन रही है।
प्रवक्ताओं ने कहा कि भाजपा अपनी जमीन खिसकने से बौखलाहट में है, वो सिर्फ उन्माद और प्रोपगंडा फैलाने में लगी हुयी है। पर देश की जनता उनके खेल को समझ चुकी है की ये लोग देश की राजनीति को मुख्य मुद्दे से भटकाना चाहते हैं। अमित शाह जी चाहे जितनी बार बिहार आवें आने वाले चुनावों में कोई फर्क पड़ने वाला नहीं। भाजपा मुक्त भारत अभियान के तहत आगामी चुनाव में बिहार में उनका खाता तक खुलने वाला नहीं है।



