
सागर कुमार विशेष संवाददाता
भाजपा अध्यक्ष डॉ संजय जायसवाल ने पूछे सवाल, बालू के व्यापार का अधिकार निगम को क्यों ?
पटना, 9 फरवरी । बिहार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष डॉ संजय जायसवाल ने बालू और अवैध शराब के माफियाओं को लेकर नीतीश सरकार को घेरते हुए सवाल पूछा कि बालू व्यापार का अधिकार अधिकारियों और विभाग को छोड़कर निगम के हाथों में क्यों दिया गया है।
पटना में गुरुवार को पत्रकारों से चर्चा करते हुए जायसवाल ने कहा कि आज बालू माफियाओं के घरों में छापा पड़ रहा है। जब हमलोग एनडीए में साथ में थे तब भी हमलोग आवाज उठाते थे कि शराब माफिया और बालू माफियाओं को अधिकारी का एक वर्ग प्रश्रय दे रहा है।
उन्होंने दावा करते हुए कहा कि सही तरीके से अगर बालू माफियाओं की जांच होगी तो 10 हजार करोड़ से ज्यादा का घोटाला सामने आएगा।
उन्होंने कहा कि स्थिति यह है कि खनन विभाग के बालू का व्यापार पूरी तरह निगम के हाथ दे दिया गया है और निगम के अधिकारियों द्वारा ही माफियागिरी को कंट्रोल किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि पिछली सरकार में खनन विभाग का दायित्व भाजपा के पास था। तब के मंत्री भी कहते थे कि कोई भी फाइल यहां नहीं आती। कहा जाता है यह सीधे मुख्यमंत्री के कंट्रोल मे है।
उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री को दोषी बताते हुए कहा कि आखिर बालू का व्यापार की जिम्मेवारी मंत्री और विभाग को छोड़कर निगम क्यों दी गई।
उन्होंने कहा सरकार की नीति के कारण बालू और शराब माफिया सक्रिय हैं। हर मुहल्ले तक शराबबंदी वाले बिहार में शराब पहुंच रहा और हजारों लाखों टन बालू का अवैध व्यापार हो रहा है।


