आइडिया आपका, फंड सरकार का: स्टार्टअप बूटकैंप में युवाओं ने दिखाया उद्यमिता का उत्साह
25 लाख रुपये तक ब्याज मुक्त सीड फंड की जानकारी, मेंटरशिप से लेकर पेटेंट और बाजार पहुंच तक की सुविधाएं बताईं

किशनगंज, 29 सितंबर (के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, युवाओं में उद्यमिता को बढ़ावा देने और नए विचारों को व्यावसायिक रूप देने के उद्देश्य से राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय किशनगंज में उद्योग विभाग, बिहार सरकार के तत्वावधान में ‘स्टार्टअप बिहार आइडिया बूटकैंप’ का आयोजन किया गया। बिहार के सभी 38 जिलों में एक साथ आयोजित राज्यव्यापी अभियान के तहत कॉलेज परिसर में विद्यार्थियों ने अपने बिजनेस आइडिया और मॉडल को लेकर उत्साह दिखाया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर किया। इसके बाद महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) भगवान श्री राम ने जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक सचिन कुमार को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को बिहार स्टार्टअप नीति के तहत उपलब्ध सरकारी सुविधाओं और वित्तीय सहायता की जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने बताया कि चयनित स्टार्टअप को 10 वर्षों के लिए शून्य प्रतिशत ब्याज पर 25 लाख रुपये तक का सीड फंड उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा महिलाओं, दिव्यांगों तथा एससी-एसटी वर्ग के उद्यमियों के लिए अतिरिक्त प्रोत्साहन अनुदान, नि:शुल्क इनक्यूबेशन, तकनीकी विशेषज्ञों से मेंटरशिप, पेटेंट सहायता और बाजार पहुंच के लिए विशेष वित्तीय सहायता का प्रावधान है।
प्राचार्य प्रो. (डॉ.) भगवान श्री राम ने विद्यार्थियों को नौकरी तलाशने के बजाय रोजगार देने वाला बनने के लिए प्रेरित किया। महाप्रबंधक सचिन कुमार ने सरकारी योजनाओं और सीड फंड प्राप्त करने की प्रक्रिया समझाई। स्टार्टअप सेल के फैकल्टी इन-चार्ज देवा नंद पटेल ने शोध और तकनीकी प्रोटोटाइप विकास से जुड़े सुझाव दिए।
जिला समन्वयक मो. माहिन रजा ने आइडिया वैलिडेशन, पंजीकरण और जिला स्तर पर स्टार्टअप हैंडहोल्डिंग की प्रक्रिया बताई। प्रोजेक्ट मैनेजर धनंजय कुमार ने बिजनेस मॉडल, बाजार पहुंच और कार्ययोजना पर प्रकाश डाला। सहायक प्राध्यापक प्रो. (डॉ.) सुमित राज ने विद्यार्थियों को अकादमिक ज्ञान को व्यावहारिक बिजनेस सॉल्यूशन में बदलने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के आयोजन में प्रयोगशाला सहायकों लवकुश कुमार, ब्यूटी कुमारी और तमन्ना परवीन ने तकनीकी व्यवस्थाएं संभालीं। वहीं छात्र प्रतिनिधि निक्की कुमारी, रिशु कुमारी, दीप राज और रौशन राज ने समन्वय में सहयोग किया।



