*शिक्षकों की 15 सूत्री मांगों को लेकर शिक्षा मंत्री से वार्ता संपन्न*

श्रुति मिश/बिहार राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश नेतृत्व ने आज दिनांक 16/10/2026 को माननीय शिक्षा मंत्री, शिक्षा विभाग, बिहार सरकार, पटना को अपनी 15 सूत्री मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया है कि बिहार के लाखों शिक्षक वर्षों से अपने अधिकारों से वंचित हैं। इस लिए सरकार हमरे 15सूत्री मांगो पर सहानुभूति पूर्वक विचार कर शीघ्र लागू करने की कृपा करें।
*वार्ता में माननीय शिक्षा मंत्री श्री मिथलेश कुमार तिवारी ने संघ से वार्ता के दौरान सभी बिंदुओं पर क्रम से विस्तार से बात किया और कहा कि आपकी सभी मांगे उचित हैं। इसमें कुछ मांगों पर तो पहले ही विभाग कार्रवाई कर रही है, कुछ पर आगे पूरा किया जाएगा।*
*उन्होंने कहा कि आप सभी से हम हमेशा वार्ता और सहयोग की अपेक्षा करते हैं ताकि बिहार में शिक्षा अव्वल दर्जे को प्राप्त करें। MLC चुनाव के बाद आप सभी से पुनः वार्ता की जाएगी।*
*प्रमुख 15 सूत्री मांगें इस प्रकार हैं :-*
*1.* सभी कोटि के शिक्षकों (नियोजित, विशिष्ट, प्रधान, विद्यालय अध्यापक )को प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा निरंतरता, पुराने शिक्षक वाली नियमावली, केंद्रीय वेतनमान एवं पुरानी पेंशन योजना (OPS) का लाभ दिया जाए।
*2.* शिक्षकों की सेवानिवृत्ति आयु 60 से बढ़ाकर 65 वर्ष की जाए।विदित हैं की बिहार में संस्कृत शिक्षकों की सेवा 62वर्ष और कॉलेज में शिक्षकों की सेवा 65वर्ष लागू हैं ऐसे में शिक्षकों के साथ सौतेला व्यवहार क्यों?
*3.* सभी शिक्षकों एवं उनके आश्रित परिवार को निःशुल्क चिकित्सा (कैशलेस इलाज) की सुविधा दी जाए।
*4.* ग्रामीण क्षेत्रों में पदस्थापित शिक्षकों के लिए आवास अथवा विशेष ग्रामीण भत्ता दिया जाए।
*5.* छठे वेतन आयोग में निहित केन्द्रीय वेतनमान को आधार मानते हुए सातवां वेतनमान दिया जाए।
*6.* BPSC द्वारा बहाल प्रधान शिक्षकों की पूर्व सेवा की गणना करते हुए सेवा निरंतरता एवं वेतन वृद्धि दी जाए एवं उन्हें मध्य विद्यालय में भी पदस्थापित किया जाए।
*7.* मध्य विद्यालयों के शिक्षा एवं स्वास्थ्य अनुदेशकों को भी फिजिकल शिक्षक की भांति वेतनमान दिया जाए।
*8.* नियोजित शिक्षकों को पूर्व की नियमावली के अनुसार प्रोन्नति का लाभ दिया जाए।
*9.*बिहार में बहुत से नगरो का निर्माण 2017के बाद हुआ वैसे शहरी क्षेत्र की सीमा से 8 कि.मी. की दूरी तक स्थित विद्यालयों के शिक्षकों को शहरी आवास भत्ता (HRA) का भुगतान किया जाए।
*10.* शिक्षकों की स्थानांतरण नीति को पूर्णतः ऐच्छिक बनाया जाए एवं पुरुषों को प्रखंड से बाहर की बाध्यता समाप्त की जाए।
*11.* अनुकम्पा पर नियुक्ति नियमित पद पर हो, न कि संविदा पर।
*12.* 31/03/2015 के पूर्व नियुक्त सेवा समाप्त शिक्षकों को सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के आलोक में सेवा में वापस लिया जाए एवं उनके प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाए।
*13.* BPSC से नियुक्त TRE-1, II, III के शिक्षकों की सेवा पुस्तिका का संधारण एवं विशिष्ट शिक्षक का बकाया वेतन का भुगतान कराया जाए।
*14.* दिव्यांग एवं असाध्य रोग से ग्रसित शिक्षकों को उनके आवासीय परिसर/ग्राम पंचायत/प्रखंड के विद्यालय में पदस्थापित किया जाए।
*15.* रावेन्द्र शर्मा बनाम बिहार सरकार में माननीय पटना उच्च न्यायालय के आदेश का सभी जिलों में अनुपालन कराया जाए।
*प्रदेश अध्यक्ष – जयराम शर्मा,प्रदेश महासचिव – दिनेश कुमार सिंह,प्रदेश सचिव – आनंद मिश्रा, अंकेक्षक – रमेश कुमार,मीडिया प्रभारी – गोविंदा पासवान,भोजपुर – राजेश सिंह, मुकेश सिंह, हरेंद्र सिंह सारण- आलोक कुमार, बबलू प्रमोद, सतेंद्र सिंह चम्पारण- देवानंद दुबे, सुनील उपाध्याय, प्रवेश कुमार चौधरी ,पटना – अनवारुल होदा,गया – मुकेश सिंह, शशिकांत कुमार*
*आनंद मिश्रा*
*प्रदेश सचिव बिहार राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ बिहार*



