
रांची//राजधानी रांची के एयरपोर्ट थाना इलाके में 7 मार्च की रात को टीटॉस रेस्टोरेंट में घुसकर अपराधियों ने फायरिंग और हत्या की वारदात को अंजाम दिया था। जिसमें मनीष गोप नाम के वेटर की मौत हो गई थी।इस हत्याकांड का खुलासा करते हुए पुलिस ने प्रिंस खान गिरोह के कुख्यात अपराधी शूटर सचिन यादव को गिरफ्तार कर लिया है। बता दे कि 7 मार्च को टीटॉस रेस्टोरेंट में हुई गोलीबारी में सचिन यादव भी शामिल था।सचिन यादव ने ही प्रतिष्ठान पर फायरिंग की थी। मामले में पुलिस ने मुख्य शूटर सचिन यादव को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी दशम फॉल इलाके से हुई है। पुलिस ने एक कट्टा, तीन गोली और कपड़ा बरामद किया है।
रांची के सिटी एसपी पारस राणा ने प्रेसवार्ता में बताया कि पिछले साल 27 दिसंबर को ग्राम लोधमा स्थित टीटॉस रेस्टोरेंट के मालिक राजकुमार गोप, उनके दो साथी पुष्कर महतो और पिंटु कच्छप को संगठित आपराधिक गिरोह प्रिंस खान द्वारा इंटरनेट कॉल के माध्यम से ऑडियो मैसेज भेज कर एक करोड़ रंगदारी की मांग की गई थी। पैसे नहीं देने पर लगातार धमकियां दी जा रही थी।इसी क्रम में जब रंगदारी के पैसे नहीं मिले तो प्रिंस खान ने अपने गिरोह के लड़कों के माध्यम से 7 मार्च 2026 को The Titos Restaurant में फायरिंग करवाई थी, जिसमें रेस्टोरेंट के एक स्टाफ को गोली लगी और उसकी मृत्यु हो गई थी। जिसके बाद मामले का खुलासा करने के लिए रांची के एसएसपी राकेश रंजन के निर्देश पर एक एसआईटी का गठन किया गया।एसआईटी टीम द्वारा त्वरित कर्रवाई करते हुए घटना मेंसंलिप्त अपराधियों में से पांच अपराधियों को गिरफ्तार कर पूर्व में ही जेल भेजा जा चुका है। अनुसंधान के क्रम में गिरफ्तार अभियुक्तों द्वारा घटना कारित करने वाले प्रमुख शूटर के रुप में सचिन यादव का पहचान की गई।जिसके विरुद्ध लागातर छापमारी करते हुए एसआईटी द्वारा सचिन यादव को गिरफ्तार किया गया है।पूछताछ के क्रम में एवं उसकी निशानदेही पर घटना के समय पहने हुए कपड़े एवं हथियार बरामद किया गया है। बरामद हथियार के सबंध में अलग से एयरपोर्ट थाना में कांड सं-15|26 दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है। बताया कि सचिन यादव को रेस्टोरेंट पर फायरिंग करने के लिए एक लाख रुपए मिलने वाले थे।लेकिन फायरिंग के बाद भी उसे एक लाख रुपये नहीं मिले।
सिटी एसपी में आगे बताया कि सचिन यादव (स्व० पवन यादव, सा० करकेन्द बाजार थाना पुटकी, जिला धनबाद) का आपराधिक इतिहास रहा है। वह जमानत पर बाहर निकला हुआ था। उसके ऊपर कुल आठ मामले दर्ज हैं। जोगता थाना कांड सं0-45/17 धारा-396 भा०्द०वि० एवं 27 आर्स एक्ट, राजगंज थाना कांड सं0- 0/17 धारा-३95 भा०द०वि०, बैंक मोड़ थाना कांड सं0- 158/21,धारा-385/387/34/12०बी भा०्दरवि०, पुटकी थाना कांड संo-71/23 धारा-379 भा०्द०वि०, पुटकी थाना कांड सं- 70/2३ धारा-379 भा०्द०विं, पुटकी थाना कांड सं0-55|23 धारा-385/|34 भा०्द०वि०, बैंक मोड़ थाना कांड सं0-227/23 धारा-379/414/34 भा०द०विo और बैंक मोड़ थाना कांड सं०-18|25 धारा-351 (2)/61 (2)/3(5) BNS एव 25 (1-B)a/26/35 Arms Act & 4/5/6 विस्फोटक पदार्थ अधिनियम शामिल है।वहीं तकनीकी साक्ष्य के आधार पर मुख्य शूटर की पहचान सचिन यादव के रूप में हुई।लगातार छापेमारी के बाद 28 मार्च 2026 को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
(क्या खुलासा किया सिटी एसपी ने देखे वीडियो)


