“माननीय कृषि मंत्री ने अभियंत्रण छात्रों को प्रदान किए प्रशिक्षण प्रमाण पत्र”
20 प्रशिक्षु छात्रों को सम्मानित किया गया ‘‘कृषि नवाचार को मिलेगा युवा नेतृत्व’’ -राम कृपाल यादव

त्रिलोकी नाथ प्रसाद/आज माननीय कृषि मंत्री श्री रामकृपाल यादव द्वारा कृषि भवन, पटना स्थित अपने कार्यालय कक्ष में बिहार के विभिन्न अभियंत्रण महाविद्यालयों के 20 छात्र-छात्राओं को सफल प्रशिक्षण उपरांत प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। इस दौरान कृषि विभाग के प्रधान सचिव, श्री नर्मदेश्वर लाल, कृषि निदेशक, श्री सौरभ सुमन यादव एवं अपर सचिव श्री मनोज कुमार उपस्थित थे। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य सरकार की उस दूरदर्शी पहल का हिस्सा है, जिसके अंतर्गत तकनीकी शिक्षा प्राप्त कर रहे युवाओं को व्यावहारिक अनुभव से जोड़कर कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीक, नवाचार एवं ई-गवर्नेंस को सशक्त किया जा रहा है।
इस अवसर पर माननीय मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य है कि इंजीनियरिंग के छात्र-छात्राओं को वास्तविक प्रशासनिक कार्यप्रणाली से परिचित कराया जाए, ताकि वे अपनी तकनीकी दक्षता का उपयोग कृषि क्षेत्र की जमीनी आवश्यकताओं के अनुरूप कर सकें। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों को न केवल सरकारी कार्यप्रणाली को समझने का अवसर मिलता है, बल्कि कृषि क्षेत्र से जुड़ी चुनौतियों, समाधान आधारित नवाचारों तथा डिजिटल परिवर्तन की दिशा में कार्य करने का व्यावहारिक अनुभव भी प्राप्त होता है।
माननीय मंत्री ने जानकारी दी कि यह इंटर्नशिप कार्यक्रम भूमि संरक्षण निदेशालय, कृषि अभियंत्रण संभाग तथा सूचना प्रौद्योगिकी संभाग (DBT एवं AGRI STACK) जैसे महत्वपूर्ण प्रभागों में संचालित किया गया, जिसमें सिविल इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, कंप्यूटर साइंस एवं सूचना प्रौद्योगिकी के छात्र-छात्राओं ने सक्रिय सहभागिता निभाई। प्रशिक्षण के दौरान छात्रों को आधुनिक कृषि यंत्रों, सिंचाई संरचनाओं, डिजिटल डाटाबेस प्रबंधन, प्रत्यक्ष लाभ अंतरण प्रणाली तथा कृषि से संबंधित आईटी अनुप्रयोगों की व्यवहारिक जानकारी प्रदान की गई।
माननीय मंत्री ने सभी प्रशिक्षुओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आशा व्यक्त की कि ये युवा अपनी अर्जित तकनीकी दक्षता, नवाचार क्षमता एवं डिजिटल कौशल का उपयोग राज्य के कृषि विकास को गति देने में करेंगे। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे खेती को अधिक सशक्त, लाभकारी एवं टिकाऊ बनाने हेतु अपने ज्ञान का समर्पित भाव से उपयोग करें, जिससे प्रदेश की समृद्धि को नई दिशा मिल सके।
इस कार्यक्रम के अवसर पर कृषि विभाग के वरिष्ठ पदाधिकारीगण एवं प्रशिक्षु छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।


