छपरा की पॉलिटिक्स में मांझी के ‘राजनीतिक संत’ माने-कहे जाने वाले भाजपा के वरिष्ठ नेता आचार्य केशवानंद गिरि की बुधवार 25 जनवरी की रात अपराधियों ने गोली मारकर हत्या कर दी है।हत्या के विरोध में मांझी में लोगों का गुस्सा भड़क गया है और शव के साथ बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आये हैं।केशवानंद गिरि जलालपुर विधान सभा क्षेत्र से वर्ष 1985 में और विगत विधान सभा में मांझी से प्रत्याशी भी रह चुके हैं।घटना के बारे में उनकी पत्नी ने बताया कि लगभग 11 बजे रात्रि में कोई बाइक खराब होने का बहाना बनाकर उन्हें घर से बुला ले गया और हत्या कर दी।पुलिस को प्रथम दृष्टया घर से बुला ले जानेवाले लोग स्थानीय और पहचान के ही प्रतीत हो रहे हैं,पर अब तक कोई सुराग नहीं मिल सका है।अपराधियों ने उन्हें मांझी जाने वाली मांझी-बंगरा पथ पर पुलिया के समीप गोली मारी और भागते बने।वे मांझी थानाक्षेत्र के रघुनाथ गिरी के मठिया गांव के निवासी थे।मांझी में उन्हें राजनीतिक संत के रूप में जाना जाता था।हत्या की खबर सुनकर घटनास्थल पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी।ग्रामीण सीबीआई से जाँच की मांग को लेकर शव रोके हुए हैं।पुलिस शव उठाने के लिए ग्रामीणों को समझाने में जुटी हुई है।अपने नेता केशवानंद गिरि की हत्या की खबर पटना में भाजपा कार्यालय में ‘रिपब्लिक डे’ के झंडोतोलन के तुरंत बाद पहुंची।इस दुखद खबर ने सभी भाजपा नेताओं को सदमे में ला दिया।वारदात की जानकारी छपरा में पार्टी के नेताओं से प्राप्त की गयी।दिवंगत हुए गिरि के परिजनों से मिलने पटना से भाजपा की टीम भी जायेगी।बिहार में बेहिसाब बढ़ता अपराध है केशवानंद गिरि के क़त्ल की वजह,प्रदेश भाजपा के नेता ऐसा ही मान रहे हैं।घटना-स्थल पर पुलिस की टीम जांच के लिए पहुंची हुई है।
रिपोर्ट-न्यूज़ रिपोटर
Post Views: 165
Like this:
Like Loading...
Back to top button
error: Content is protected !!