जनादेश पर सवाल उठाना दुर्भाग्यपूर्ण, लालू-राबड़ी शासनकाल में बूथ लूटकर चुनाव जीतने की थी परंपरा – उमेश सिंह कुशवाहा

त्रिलोकी नाथ प्रसाद/बिहार जनता दल (यू) के माननीय प्रदेश अध्यक्ष श्री उमेश सिंह कुशवाहा ने विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष श्रीमती राबड़ी देवी के आरोपों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि विपक्ष की ओर से चुनाव परिणामों को लेकर अविश्वास प्रकट करना दुर्भाग्यपूर्ण है तथा चुनावी प्रक्रिया पर अनर्गल एवं आधारहीन आरोप मढ़ना सीधे जनादेश का अपमान है।
तंज भरे अंदाज में उन्होंने कहा कि ‘‘धूल चेहरे पर थी और आईना साफ करते रह गए’’ यह कहावत आज विपक्ष के वर्तमान राजनीतिक आचरण पर पूर्णतः चरितार्थ होती है। लगातार चुनावों में जनता द्वारा नकारे जाने के बाद भी अपनी कमियों पर आत्ममंथन करने के बजाय बार-बार चुनाव आयोग पर हार का ठीकरा फोड़ना विपक्ष की राजनीतिक गंभीरता और परिपक्वता पर गहरे प्रश्नचिह्न खड़े करता है।
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि चुनावी जनादेश पर प्रश्न उठाने से पूर्व राजद को अपने अतीत की ओर भी देखना चाहिए। वह दौर अभी भी लोगों की स्मृतियों में ताजा है, जब चुनावों के दौरान बूथ और बैलेट की लूट आम बात हुआ करती थी और लोकतांत्रिक मूल्यों का खुलेआम गला घोंटा जाता था। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता की लालसा में राजद ने बिहार की छवि को पूरी दुनिया में कलंकित करने का काम किया तथा लोकतंत्र की गरिमा को दांव पर लगा दिया।
आगे उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार की सुशासन नीति और विकास कार्यों पर विश्वास जताते हुए एनडीए को प्रचंड जनादेश दिया है। विपक्ष को जनादेश का सम्मान एवं स्वीकार करना सीखना चाहिए, अन्यथा बिहार की जनता उन्हें भविष्य में उनके लिए विपक्ष की भूमिका निभाने लायक भी नहीं छोड़ेगी।


