किशनगंज : जिला स्तरीय खनन टास्क फोर्स की बैठक में राजस्व व अवैध खनन पर समीक्षा, सख्त कार्रवाई के निर्देश

किशनगंज,20फरवरी(के.स.)। धर्मेन्द्र सिंह, जिले में खनन गतिविधियों की समीक्षा एवं राजस्व वसूली की स्थिति का आकलन करने को लेकर जिला स्तरीय खनन टास्क फोर्स की बैठक अपर समाहर्ता अमरेन्द्र कुमार पंकज की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के कार्यपालक अभियंता, अनुमंडल पदाधिकारी, खनिज विकास पदाधिकारी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी के निर्देशानुसार खनन से प्राप्त राजस्व की विभिन्न मदों-ईंट भट्ठा, बालू, कार्य विभाग, मिट्टी एवं दंड-की विस्तृत समीक्षा की गई। खनिज विकास पदाधिकारी ने बताया कि ईंट भट्ठा मद से ₹162.90 लाख, बालू मद से ₹1891.09 लाख, कार्य विभाग से ₹1346.37 लाख तथा 19 फरवरी 2026 तक अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण से ₹417.19 लाख की वसूली की गई है।
अवैध खनन के विरुद्ध कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया गया कि अब तक कुल 1232 छापेमारी की गई, जिसमें 255 वाहनों को जब्त किया गया तथा 11 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। चालू माह में जब्त वाहनों पर ₹42.32 लाख की दंड राशि अधिरोपित की गई है।
वित्तीय वर्ष 2024-25 में जिले के 171 ईंट भट्ठों से रॉयल्टी प्राप्त हुई थी, जबकि वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक 140 ईंट भट्ठा मालिकों द्वारा रॉयल्टी जमा की गई है। शेष 31 भट्ठा संचालकों को शीघ्र रॉयल्टी जमा करने का निर्देश दिया गया। चालू वित्तीय वर्ष के लिए कुल वार्षिक राजस्व लक्ष्य ₹4909.22 लाख निर्धारित किया गया है।
बैठक में अनुपस्थित पदाधिकारियों से जिलाधिकारी स्तर पर स्पष्टीकरण मांगे जाने का निर्देश दिया गया। जिला खनन पदाधिकारी ने फ्लड विभाग से बांधों पर हो रहे अवैध खनन की सूचना उपलब्ध कराने तथा संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई करने का आग्रह किया। नगर परिषद को पिछले एक वर्ष में कराए गए कार्यों की सूची उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया गया।
मेची नदी में अवैध खनन के मामलों पर विशेष चर्चा करते हुए संबंधित के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। अनुमंडल पदाधिकारी ने लाइसेंस निर्गत होने के बाद खनन क्षेत्र की स्पष्ट पहचान सुनिश्चित करने पर बल दिया। साथ ही सभी माइनिंग प्लान की सूची तैयार कर अनुमंडल पदाधिकारी, जिलाधिकारी एवं जिला परिवहन पदाधिकारी को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया, ताकि अवैध खनन पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
इसके अतिरिक्त बिहार पुल निगम को किशनगंज के नाम से रॉयल्टी जमा करने तथा सभी संबंधित एजेंसियों को वित्तीय वर्ष की समाप्ति से पूर्व समय पर रॉयल्टी भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी अनिकेत कुमार, एडीटीओ सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।



