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माननीय कृषि मंत्री द्वारा किया गया तीन दिवसीय बागवानी महोत्सव का समापन

दस लाख उन्नासी हजार रूपये कृषकों को पुरस्कार के रूप में वितरित किये गये प्रथम पुरस्कार- वैशाली जिला के श्री राजेश कुमार को 88 हजार रूपयेद्वितीय पुरस्कार- भागलपुर की कुमारी रिंकु को 86 हजार रूपयेतृतीय पुरस्कार- वैशाली की रागिनी देवी को 57 हजार रूपयेकिसानों की व्यापक सहभागिता ने दिखाया बिहार की बागवानी का उज्जवल भविष्य-राम कृपाल यादव

त्रिलोकी नाथ प्रसाद/माननीय कृषि मंत्री, बिहार श्री रामकृपाल यादव द्वारा गाँधी मैदान, पटना में आयोजित तीन दिवसीय बागवानी महोत्सव का समापन किया गया।

माननीय मंत्री ने अपने सम्बोधन में कहा कि यह अत्यंत प्रसन्नता का विषय है कि यह आयोजन केवल प्रदर्शनी या विक्रय का मंच न रहकर नवाचार, आधुनिक तकनीक और किसान-समृद्धि का सशक्त संगम बना। पिछले तीन दिनों में किसानों की उत्साहपूर्ण भागीदारी और सीखने की प्रवृत्ति ने बिहार की बागवानी के उज्ज्वल भविष्य को स्पष्ट किया है।

आज जिन कृषक भाई-बहनों को उत्कृष्ट बागवानी उत्पादों के लिए सम्मानित किया गया है, वे सभी पूरे राज्य के किसानों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। इस महोत्सव में लगभग 1500 किसानों की सहभागिता, शहद, मखाना, रोपण सामग्री एवं शहरी कृषि उत्पादों की सफल बिक्री ने गुणवत्ता और बाजार की मजबूत संभावनाओं को सिद्ध किया है।
राज्य सरकार बागवानी को आय-वृद्धि, रोजगार और ग्रामीण उद्यमिता का आधार बनाने के लिए उत्पादन से विपणन तक पूरी वैल्यू-चेन पर कार्य कर रही है। मधु और मखाना जैसे विशिष्ट क्षेत्रों के विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस 03 दिवसीय महोत्सव में लगभग 20 लाख रूपये का कारोबार हुआ।
माननीय मंत्री ने बताया कि कुल 92 प्रदर्शों को प्रथम पुरस्कार, 88 प्रदर्शों को द्वितीय पुरस्कार एवं 89 प्रदर्शों को तृतीय पुरस्कार प्रदान किया गया। प्रथम पुरस्कार के रूप में 04 लाख 60 हजार रूपये, द्वितीय पुरस्कार के रूप में 03 लाख 52 हजार रूपये एवं तृतीय पुरस्कार के रूप में 02 लाख 67 हजार रूपये सभी चयनित प्रदर्शों के लिए प्रदान किया गया। 03 लाख रूपये की पुरस्कार प्राप्त कर भागलपुर जिला प्रथम, 02 लाख बाईस हजार रूपये के साथ वैशाली जिला द्वितीय एवं 67 हजार रूपये के पुरस्कार के साथ पूर्णियाँ जिला तीसरे स्थान पर रहा।
उन्होंने कहा कि बागवानी महोत्सव में बिहार के सभी क्षेत्रों से कृषकों ने प्रदर्श लाए। बागवानी महोत्सव 2026 में कुल 807 कृषकों के द्वारा फल, फूल, सब्जी, औषधीय एवं सगंधीय पौधे आदि के 7696 उत्पादों का प्रदर्शन किया गया। पूर्णियाँ जिला से कृषकों के द्वारा सर्वाधिक 930 प्रदर्श लाए गए। वहीं 777 प्रदर्श के साथ पटना जिला द्वितीय स्थान पर एवं 765 प्रदर्श के साथ वैशाली जिला तृतीय स्थान पर रहा। सब्जी वर्ग में कुल 67, मशरूम वर्ग के 6, फल वर्ग के 21, प्रसंस्कृत उत्पाद वर्ग के 12, शहद वर्ग के 11, पान के पत्ते वर्ग के 6, शोभाकारी पौधे वर्ग के 44, बोनसाई के 3, मौसमी फूलों के पौधों के 48, कैक्टस एवं सकुलेन्ट पौधे के 11, पाम वर्ग के 9, कटे फूल वर्ग के 12, कलात्मक पुष्प सज्जा एवं नक्काशी वर्ग के 14, औषधीय एवं सुगंधित पौधों के 3 एवं अन्य उत्पाद के लिए 2 पुरस्कार प्रदान किए गए।
माननीय मंत्री ने कहा कि इस महोत्सव में वर्ग 6-9 के बच्चों के लिए चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें 82 बच्चों ने भाग लिया। दानापुर से रिया को प्रथम, मुहम्मदी से अक्शा को द्वितीय एवं पटना से हीं रवि कुमार को तृतीय पुरस्कार के लिए चयनित किया गया। इन बच्चों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। साथ ही, क्वीज प्रतियोगिता भी आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न विश्वविद्यालय के 12 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। सभी छात्र-छात्राओं को आकर्षक उपहार के साथ प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया।
उन्होंने कहा कि बागवानी एवं संबंधित सामग्रियों के 60 से अधिक स्टाॅल लगाए गए। नर्सरी बीज, फल, फूल, हाॅर्टिकल्चर टूल्स, मधु, प्रसंस्कृत उत्पाद के अलावे राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर के प्रमुख संस्थानों जैसे सीमैप, लखनऊ, उद्यान निदेशालय, गुजरात, इण्डिया पोस्ट, स्टेट बैंक आॅफ इण्डिया, भारतीय बागवानी अनुसंधान संस्थान, बेंगलूरू, राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केन्द्र, मुजफ्फरपुर, डाॅ॰ राजेन्द्र प्रसाद केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा, समस्तीपुर, बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर, भागलपुर, राष्ट्रीय बागवानी बोर्ड, राष्ट्रीय नारियल विकास बोर्ड, काॅफेड, केन्द्रीय आलू संस्थान केन्द्र, पटना आदि के द्वारा स्टाॅल लगाए गए।
कृषकों के ज्ञानवर्द्धन के लिए प्रमुख वैज्ञानिकों एवं विशेषज्ञों के द्वारा तकनीकी सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें मखाना उत्पादन तकनीक, प्रसंस्करण, पैकेजिंग एवं विपणन, आधुनिक खेती/बागवानी पद्धतियाँ, फल के पौधों के छत्रक प्रबंधन एवं फलों के तुड़ाई उपरान्त प्रबंधन एवं मूल्यवर्द्धन विषयों पर कृषकों/उद्यमियों को प्रशिक्षित किया गया।

प्रधान सचिव, कृषि विभाग, श्री नर्मदेश्वर लाल ने बागवानी महोत्सव में सहभागिता करने वाले सभी कृषक भाई-बहनों के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि किसानों की सक्रिय भागीदारी, उत्साह और उत्कृष्ट प्रस्तुतियों के कारण यह महोत्सव अत्यंत सफल एवं प्रभावशाली रहा। कार्यक्रम में देखने को मिली गुणवत्ता, नवाचार और बाजार-समझ को देखते हुए उन्होंने आशा व्यक्त की कि भविष्य में इस प्रकार के बागवानी महोत्सव वर्ष में एक से अधिक बार आयोजित किए जा सकते हैं, ताकि अधिक से अधिक किसानों को लाभ मिल सके और बागवानी को नई गति प्राप्त हो।

इस महोत्सव में इण्डियन आईडल के कलाकार सिरसा रक्षित के गायन एवं राष्ट्रीय स्तर के हास्य कलाकार श्री सुनील पाॅल के प्रस्तुति का लोगों ने आनन्द उठाया। मिलेट्स की खिचड़ी एवं खीर तथा मशरूम एवं सोयाबीन व्यंजन आदि के स्वाद का बागवानी महोत्सव में शहरवाशियों ने भरपूर आनन्द लिया।

इस अवसर पर पद्मश्री श्रीमती राजकुमारी देवी (किसान चाची), डाॅ॰ रूप नारायण मेहता, अध्यक्ष, राज्य किसान आयोग, बिहार, श्री नर्मदेश्वर लाल, प्रधान सचिव, कृषि विभाग, बिहार, डाॅ॰ बीरेन्द्र प्रसाद यादव, विशेष सचिव, कृषि विभाग, श्री शैलेन्द्र कुमार, अपर सचिव, कृषि विभाग, श्री अभिषेक कुमार, निदेशक उद्यान, श्रीमती कल्पना कुमार, अपर सचिव, कृषि विभाग, अपर निदेशक उद्यान श्री पवन कुमार , श्री राजेश कुमार , संयुक्त निदेशक , सहित अन्य वरीय पदाधिकारी एवं किसानगण तथा पटना शहरवासी उपस्थित थे।

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